घर-घर स्वास्थ्य सर्वे का लिया जायजा, ग्रामीणों से स्वच्छता और समय पर उपचार कराने की अपील
कलेक्टर श्री कुमार सत्यम ने 13 अगस्त को बिरसा विकासखंड के विशेष पिछड़ी जनजाति बैगा बाहुल्य ग्राम घुम्मुर, कुंडेकसा, कोरका, बोंदारी, मछुरदा, धर्मशाला एवं गठिया का भ्रमण किया। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग की टीमों द्वारा घर-घर जाकर किए जा रहे स्वास्थ्य सर्वे एवं स्क्रीनिंग कार्य का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने ग्रामीणों से चर्चा कर बीमारी की स्थिति में तत्काल स्वास्थ्य कार्यकर्ता से जांच कराने और आवश्यकता होने पर अस्पताल में उपचार कराने की समझाइश दी।
कलेक्टर श्री सत्यम ने ग्राम कुंडेकसा में बीमार लोगों के उपचार के लिए बनाए गए अस्थायी अस्पताल का निरीक्षण किया और भर्ती मरीजों से चर्चा कर उनके स्वास्थ्य की जानकारी ली। उन्होंने अस्थायी अस्पताल में आवश्यक दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही ड्यूटी पर तैनात चिकित्सकों एवं स्वास्थ्य कर्मचारियों से चर्चा कर उपचार व्यवस्था की जानकारी ली।
- बीमारी का उपचार अस्पताल में ही संभव
ग्रामीणों से चर्चा के दौरान कलेक्टर ने घरों के आसपास स्वच्छता बनाए रखने, व्यक्तिगत साफ-सफाई एवं खान-पान में स्वच्छता का विशेष ध्यान रखने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि गांव में किसी व्यक्ति के बीमार होने पर उसकी स्वास्थ्य कार्यकर्ता से जांच कराई जाए और आवश्यकता होने पर उसे अस्पताल ले जाया जाए। उन्होंने ग्रामीणों को समझाइश दी कि बीमारी का उचित उपचार चिकित्सकीय जांच और दवाओं से ही संभव है। समय पर उपचार नहीं कराने से मरीज की स्थिति गंभीर हो सकती है।
कलेक्टर श्री सत्यम ने भ्रमण के दौरान ग्राम घुम्मुर के दो तथा ग्राम गठिया के दो बच्चों को बेहतर उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराने के लिए रवाना करवाया। उन्होंने बच्चों के परिजनों से चर्चा कर उन्हें आश्वस्त किया कि अस्पताल में बेहतर उपचार उपलब्ध कराया जाएगा और बच्चों के स्वास्थ्य में सुधार के लिए हरसंभव प्रयास किए जा रहे हैं।
- छात्रावास में पानी की टंकी की नियमित सफाई के निर्देश
कलेक्टर ने ग्राम मछुरदा में छात्रावास का निरीक्षण कर वहां रह रहे बच्चों से चर्चा की और उनकी समस्याओं एवं व्यवस्थाओं की जानकारी ली। उन्होंने छात्रावास की पानी की टंकी की सफाई कराने के निर्देश दिए। साथ ही कहा कि पानी की टंकी की नियमित अंतराल पर अनिवार्य रूप से सफाई कराई जाए, ताकि बच्चों को स्वच्छ पेयजल उपलब्ध हो सके।
भ्रमण के दौरान कलेक्टर ने लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के कार्यपालन यंत्री को हैंडपंपों के आसपास स्वच्छता बनाए रखने तथा हैंडपंपों के पानी का क्लोरीनेशन कराने के निर्देश दिए। महिला एवं बाल विकास विभाग के जिला कार्यक्रम अधिकारी को आंगनवाड़ी केंद्रों के बच्चों के पोषण स्तर एवं स्वास्थ्य परीक्षण पर विशेष ध्यान देने तथा आंगनवाड़ी सेवाओं को प्रभावी बनाने के निर्देश दिए।
- घर-घर स्क्रीनिंग कर बीमारों को उपलब्ध कराया जा रहा उपचार
स्वास्थ्य विभाग द्वारा ग्राम कुंडेकसा, बोंदारी, कोरका, गठिया, धर्मशाला एवं घुम्मुर में बच्चों में संक्रामक बीमारी की रोकथाम के लिए घर-घर जाकर स्क्रीनिंग की जा रही है। स्क्रीनिंग के दौरान बीमार पाए जाने वाले बच्चों एवं ग्रामीणों को उपचार के लिए कुंडेकसा में बनाए गए अस्थायी अस्पताल लाया जा रहा है। उपचार के बाद स्वस्थ होने पर उन्हें वापस घर तक पहुंचाया जा रहा है, जबकि गंभीर स्थिति वाले बच्चों को बेहतर उपचार के लिए जिला चिकित्सालय बालाघाट रेफर किया जा रहा है।
कुंडेकसा स्थित अस्थायी अस्पताल में ग्राम पंचायत अडोरी के सरपंच परसराम धुर्वे एवं सचिव द्वारा उपचार के लिए आने वाले मरीजों और उनके परिजनों के लिए भोजन की व्यवस्था की गई है। यहां उपचार के लिए आने वाले लोगों को नियमित रूप से भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है।
भ्रमण के दौरान बैहर एसडीएम श्री अर्पित गुप्ता, सहायक आयुक्त जनजातीय कार्य विभाग श्रीमती शकुंतला डामोर, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के कार्यपालन यंत्री श्री बी.एल. उईके, महिला एवं बाल विकास विभाग के जिला कार्यक्रम अधिकारी श्री देवेन्द्र सुन्द्रियाल, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. परेश उपलप, बिरसा बीएमओ सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

