- बाबूलाल भगत जनप्रतिनिधि एवं भूतपूर्व सरपंच ग्राम पंचायत लेंडेझरी जनपद क्रमांक 21इनका कहना है कि सन 2000 से 2010 तक मैं सरपंच रहा एवं 2010 से 2015 तक मेरी पत्नी सरपंच पद पर रही
- गांव में सरकारी चारागाह घास की 48 नंबर की इस भूमि के लिए मेरे सरपंच काल मैं इस जमीन को लेकर कलेक्टर महोदय को आवेदन दिया गया एवं शासन से मांग की गई कि इस जमीन पर आबादी घोषित की जाए एवं जिनका कब्जा है उन्हें पट्टे दिए जाएं एवं मेरे सरपंच कार्यकाल के बाद मे इस भूमि पर पीएम आवास का लोगों को फायदा भी दिया गया
- इसी जमीन पर मेरे दो भाई चांडूलाल भगत एवं टुंडी लाल भगत का कब्जा था जिस पर अभी उनके द्वारा भवन निर्माण किया जा रहा है एवं पानी तराई के लिए बिजली की आवश्यकता पड़ने पर वर्तमान सरपंच के द्वारा चांडुलाल भगत के नाम से मीटर के लिए एनओसी दी गई
- इसके उपरांत पंचायत द्वारा मेरे नाम से नोटिस दिया गया जिसे निरस्त माना जाना चाहिए इससे यह लगता है कि जीन्हे मुझसे चुनाव में डर है वह नहीं चाहते हैं कि मैं चुनाव न लड़ पाऊं इसीलिए राजनीतिक मनुष्यता का परिचय दे रहे है
- अत : – राजस्व विभाग द्वारा निरीक्षण कर 48 नंबर में बसें सभी अतिक्रमण हटाया जाए या वहां आबादी घोषित कर सभी को पट्टे दिए जाएं शासन से मेरी प्रार्थना है
- वही गर्रा सरपंच ( सरपंच संघ के अध्यक्ष ) वैभव बिसेन का ग्राम लेंडेझरी के अतिक्रमण को लेकर यह कहना आया कि यह राजस्व का मामला है निरीक्षण कर न्याय किया जाय चाहे मैं हूं या मेरे परिवार का कोई भी व्यक्ति हो या ग्राम का कोई भी ग्रामवासि हो उसे उचित न्याय मिले या गलत हो तो उचित कार्रवाई की जाए
* चारागाह भूमि पर गरमाई राजनीति! निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग *

