बड़वानी एसपी श्री पद्मविलोचन शुक्ल ने ली जिले के समस्त थाना प्रभारियों एवं राजपत्रित अधिकारियों की क्राइम मीटिंग
एक्सीडेंट एवं माइनर एक्ट प्रकरणों में 3–4 दिन में चालान प्रस्तुत करने वाले अधिकारी होंगे पुरस्कृत
अवैध गतिविधियों, सोशल मीडिया अफवाहों और अपराधियों पर कड़ी निगरानी के निर्देश
बड़वानी पुलिस अधीक्षक श्री पद्मविलोचन शुक्ल द्वारा आज दिनांक 12.05.2026 को पुलिस अधीक्षक कार्यालय स्थित पुलिस सभा गृह बड़वानी में जिले के समस्त थाना प्रभारियों एवं राजपत्रित अधिकारियों की क्राइम मीटिंग आयोजित की गई। बैठक में महिला एवं बालिका सुरक्षा, संपत्ति संबंधी अपराध, अवैध गतिविधियों की रोकथाम, लंबित प्रकरणों के निराकरण तथा कानून-व्यवस्था की समीक्षा की गई।
बैठक के दौरान पुलिस अधीक्षक श्री शुक्ल ने स्पष्ट निर्देश दिए कि जिले में अपराधों के प्रति “जीरो टॉलरेंस” की नीति अपनाई जाएगी तथा प्रत्येक थाना क्षेत्र में प्रभावी पुलिसिंग सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि एक्सीडेंट एवं माइनर एक्ट के प्रकरणों में 3 से 4 दिवस के भीतर चालान प्रस्तुत करने वाले पुलिस अधिकारियों को पुरस्कृत किया जाएगा। साथ ही सभी पुलिसकर्मियों को निर्धारित गणवेश में अनुशासित रहकर कार्य करने के निर्देश दिए गए।
बैठक में चोरी, नकबजनी एवं वाहन चोरी जैसे संपत्ति संबंधी अपराधों की समीक्षा करते हुए 100 प्रतिशत रिकवरी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। सीसीटीवी फुटेज के माध्यम से पतारसी कर आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी एवं चोरी गए माल की बरामदगी पर विशेष जोर दिया गया।
एसपी श्री शुक्ल ने अवैध शराब, सट्टा, जुआ, मादक पदार्थों, अवैध हथियार (फायर आर्म्स) तथा अन्य गैरकानूनी गतिविधियों पर कठोर कार्रवाई के निर्देश दिए। होटल–ढाबों एवं संवेदनशील स्थानों पर नियमित चेकिंग, प्रभावी वाहन चेकिंग तथा रात्रि गश्त को और अधिक सुदृढ़ करने के निर्देश भी दिए गए।
बैठक में फरार स्थाई वारंटी एवं ईनामी बदमाशों की थाना-वार समीक्षा करते हुए उनकी त्वरित गिरफ्तारी हेतु सख्त निर्देश जारी किए गए। ऑपरेशन मुस्कान के तहत गुमशुदा नाबालिग बालक-बालिकाओं की तलाश एवं दस्तयाबी को प्राथमिकता देने पर विशेष बल दिया गया।
पुलिस अधीक्षक ने लंबित अपराध, चालान, शिकायत, मर्ग, गुम इंसान, जप्ती माल एवं महिला-बालिका संबंधी प्रकरणों की समीक्षा करते हुए सभी लंबित शिकायतों का 7 दिवस के भीतर निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। थाना परिसरों में रखे जप्त वाहन एवं शराब नष्टीकरण प्रकरणों की समीक्षा कर शीघ्र निराकरण के लिए विशेष अभियान चलाने के निर्देश भी दिए गए।
बैठक में सोशल मीडिया पर अफवाह, भ्रामक सूचना एवं गैर-परंपरागत गतिविधियों पर सतत निगरानी रखने के निर्देश दिए गए। साथ ही आदतन अपराधियों की निगरानी बढ़ाने, निगरानी खोलने, बाउंड ओवर की प्रभावी कार्रवाई तथा गंभीर अपराधियों की जमानत निरस्तीकरण हेतु कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए गए।
अवैध हथियार निर्माण एवं खरीद-फरोख्त में संलिप्त सिकलीगरों के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई करने, अवैध गोवंश परिवहन पर रोक लगाने तथा जिला बदर की कार्रवाई को गति देने के निर्देश दिए गए। इसके अतिरिक्त संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष टीमों द्वारा सघन रात्रि गश्त एवं जनता के साथ प्रभावी जनसंवाद बनाए रखने पर जोर दिया गया।
साइबर अपराध एवं महिला-बालिकाओं से संबंधित अपराधों के प्रति आमजन को जागरूक करने हेतु चलाए जा रहे जागरूकता कार्यक्रमों को निरंतर जारी रखने के निर्देश दिए गए। आगामी त्यौहारों को दृष्टिगत रखते हुए शांति समिति, ग्राम सुरक्षा समिति एवं नगर सुरक्षा समिति की बैठकें आयोजित करने के निर्देश भी दिए गए।
बैठक में सीसीटीएनएस, डिजिटल बीट एप, ई-समंस, वारंट तामीली एवं मेटलेपार की कार्यवाही की समीक्षा भी की गई।
बैठक में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री धीरज बब्बर, एसडीओपी बड़वानी/डीएसपी महिला सुरक्षा श्री महेश सुनैया, एसडीओपी राजपुर श्री आयुष अलावा, डीएसपी अजाक बड़वानी श्रीमती निलेश्वरी डावर, एफएसएल अधिकारी रश्मि पाटीदार, फिंगरप्रिंट एक्सपर्ट नयन पाटिल, सूबेदारगण, जिले के समस्त थाना प्रभारी एवं कार्यालयीन अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।

